दालचीनी को हम सभी मसाले के रूप में जानते हैं लेकिन दालचीनी खाने को स्वादिस्ट बनाने के साथ-साथ  बीमारियों को दूर करने और सौंदर्य को बढ़ाने का भी काम करती हैं. जिस दालचीनी का हम इस्तेमाल करते हैं वो दालचीनी के पेड़ के सूखे भूरे छाल से बना होता हैं, इसकी छाल थोड़ी मोटी, चिकनी होती है।  दालचीनी में विटामिन .ए, ,कैल्शियम आयरन,विटामिन बी 6 ,मैग्नीशियम ,फाइबर पाया जाता हैं. दालचीनी मे एंटी फंगल ,एंटी बैक्टीरियल ,एंटी ओक्सिडेंट ,एंटी इन्फ्लेमेट्री  तत्व पाए जाते हैं. आज के इस लेख में हम दालचीनी  के फायदे के बारे में बताएँगे। 

डाइबिटीज़  को नियंत्रित रखता हैं – (और पढ़े)

दालचीनी (Cinnamon)  इन्सुलिन का निर्माण कर  खून में सुगर के लेवल को कम करता हैं.टाइप २ डाइबिटीज़ के लिए दालचीनी बहुत मशहूर हैं.जो की खून के सुगर को नियंत्रित करता हैं.

तुतलाना या हकलाना :–

दालचीनी (Cinnamon)को रोजाना सुबह-शाम चबाने से हकलापन की समस्या कुछ ही दिनों में दूर हो जायेगी !

वीर्य की वृद्धि होती है –

दालचीनी(Cinnamon) को बारीक पीस ले और  इसे 4-4 ग्राम सुबह व शाम को सोते समय दूध के साथ ले,  इससे रोजाना लेने से  वीर्य की वृद्धि होती है।

पेट में गैस:-

दालचीनी (Cinnamon)पेट में  गैस की समस्या को दूर करती  है तथा पाचनशक्ति (भोजन पचाने की क्रिया) को बढ़ाती है।

दालचीनी को पीसकर पाउडर बना ले फिर  २ चुटकी दालचीनी पाउडर को पानी के साथ लेने से पेट में  गैस की समस्या को दूर हो जाती है।

दालचीनी के तेल में 1 चम्मच चीनी डालकर पीने से भी पेट में  गैस की समस्या को दूर होती हैं ध्यान रहे कि अधिक मात्रा में लेने से हानिकारक हो सकता हैं

खांसी –

दालचीनी (Cinnamon को चबाने से सूखी खांसी में बहुत आराम मिलता है अगर गला बैठ गया हो तो इसके उपयोग से आवाज भी साफ हो जाती है।

चौथाई चम्मच दालचीनी पाउडर को 1 कप पानी में उबालकर 3 बार पीते रहने से खांसी ठीक हो जाती है तथा बलगम बनना बंद हो जाता है।

20 ग्राम दालचीनी, 320 ग्राम मिश्री, 80 ग्राम पीपल, 40 ग्राम छोटी इलायची, 160 ग्राम वंशलोचन को बारीक पीसकर मिलकर पाउडर बनाकर रख ले इसके बाद एक चम्मच शहद में आधा चमच्च पाउडर की मिलाकर सुबह-शाम चाटे जो लोग शहद नहीं लेना चाहते  वे गर्म पानी के साथ ले सकते  हैं   इस  पाउडर को एक डिब्बे में टाइट बंद करके रखे.  जब कभी किसी को खांसी हो तो दे बहुत आराम मिलेगा।

कान के दर्द के लिए : 

अगर कान में तेज दर्द हो रहा हो या फिर कम सुनाइ पड़ता हो तो दालचीनी(Cinnamon) के तेल की कुछ बुँदे कान में लेने से बहुत फायदा होता हैं. दालचीनी दर्द को दूर करने के साथ  सुनने की शक्ति को भी बढाती हैं.

बालों का झड़ना रोके –

आलिव ऑयल को हल्का  गर्म  करके इसमें 1 चम्मच शहद और 1 चम्मच दालचीनी पाउडर मिलाकर, पेस्ट बना ले , बालों की जड़ों  पर स्नान करने से 15 मिनट पहले लगा लें। जिन लोगों के सिर के बाल बहुत ज़्यदा गिर रहे हो उनके लिए ये बहुत ही लाभकारी है।

गठिया के दर्द में लाभकारी –

जो लोग गठिया के दर्द से बहुत परेशान रहते हैं उन लोगो को सुबह शाम

१ चमम्च  सहद के साथ आधा चम्मच दालचीनी पाउडर मिलाकर खाने से  कुछ ही दिनों में गठिया के दर्द से बहुत राहत मिलती हैं।

मूत्राशय संक्रमण-

2 चम्मच दालचीनी पाउडर और 1 चम्मच शहद को 1 गिलास हल्के गर्म पानी में घोलकर पिने से  मूत्राशय सम्बन्धी  रोग नष्ट हो जाते हैं।

स्मरण शक्ति बढ़ाए और  दिमाग को सक्रिय बनाये-

दालचीनी को सुघने  लेने से  दिमाग सक्रीय हो जाता हैं. दालचीनी और मिश्री को बराबर मात्रा में  लेकर पीसकर पाउडर लें इसे रोजाना 3-4 ग्राम दूध के साथ लेने से स्मरण शक्ति मजबूत हो जाती है और भूलने की बीमारी दूर हो जाती है।

दस्त और पेचिस –

2 ग्राम पिसी हुई दालचीनी(Cinnamon) को ठण्डे पानी के साथ लेने से  दस्त बंद हो जाते हैं।

और गर्म पानी के साथ  लेने से पेचिश में लाभ होता है।

सर के दर्द के लिए:

सर में बहुत दर्द हो रहा हो तो आप .दालचीनी के पाउडर को गर्म पानी के साथ पेस्ट बना ले और उसको सर पे उस लेप को लगाए ५-१०मिनट  बाद धो ले .सर के दर्द में आराम मिलता हैं.

दालचीनी के उपयोग की मात्रा :

दालचीनी (Cinnamon) गर्म होती है। अत: इसे थोड़ी सी मात्रा में ही लेना चाहिए।

कुछ लोगो को इससे एलर्जी  भी होती हैं तो अगर ऐसी कोई समस्या हो तो न ले और अगर लेना सुरु कर दिया हैं तो बंद कर दे।

दालचीनी पाउडर की उपयोग की मात्रा 1 से 5 ग्राम होनी चाहिए।  बच्चों को भी इसी प्रकार अल्प मात्रा में ही दे । दालचीनी के  तेल उपयोग  1 से 4 बूंद तक करते हैं । दालचीनी का तेल तीक्ष्ण और उग्र होता है। इसलिए इसे आंखों के पास न लगाएं।